महिला TI व SI-कांस्टेबल पर FIR, पीड़िता को लाठी-बेल्ट से पीटने का आरोप, 50 हजार रुपये लेते भी हो चुकी हैं गिरफ्तार..

महिला TI व SI-कांस्टेबल पर FIR, पीड़िता को लाठी-बेल्ट से पीटने का आरोप, 50 हजार रुपये लेते भी हो चुकी हैं गिरफ्तार..

August 4, 2025 0 By Ajeet Yadav
अजित यादव छत्तीसगढ़। राजधानी रायपुर की पुलिस व्यवस्था एक बार फिर सवालों के घेरे में आ गई है। पूर्व महिला थाना प्रभारी वेदवती दरियों के खिलाफ गंभीर आरोपों में FIR दर्ज की गई है। मामला मार्च 2024 का है, जब महिला थाना में पति-पत्नी के विवाद को सुलझाने के लिए काउंसलिंग के दौरान महिला और उसके परिजनों से बर्बरता की गई।

पीड़िता यास्मीन फातिमा ने आरोप लगाया है कि महिला थाना प्रभारी वेदवती दरियों ने साथी सब इंस्पेक्टर शारदा वर्मा और कांस्टेबल फगेश्वरी कंवर के साथ मिलकर न केवल उससे बदसलूकी की, बल्कि डंडे और बेल्ट से पीटा।

घटना के समय यास्मीन अपनी मां नसीमा बेगम और भाई वसीम खान के साथ थाने आई थी, जबकि उसका पति आसिफ अली भी मौजूद था। बताया गया कि दोनों पक्षों के बीच विवाद बढ़ गया, तो अधिकारी ने एकतरफा रवैया अपनाते हुए यास्मीन और उसके परिवार को धमकाना शुरू किया।

यास्मीन का आरोप है कि उसे गालियां दी गईं, और जब वह विरोध करने लगी, तो उसे पीठ और गर्दन पर डंडे से मारा गया, जिससे शरीर पर गहरे निशान आ गए।

चौंकाने वाली बात यह है कि मारपीट के बाद वेदवती दरियों ने उल्टा यास्मीन और उसके परिवार वालों के खिलाफ कोतवाली थाने में FIR दर्ज करवा दी थी। यह मामला अब कोर्ट में विचाराधीन है, और कोर्ट के आदेश पर अब वेदवती दरियों समेत तीन पुलिसकर्मियों पर FIR दर्ज की गई है।

उल्लेखनीय है कि वेदवती दरियों वही अधिकारी हैं जिन्हें जुलाई 2024 में एंटी करप्शन ब्यूरो ने 50 हजार रुपये रिश्वत लेते रंगे हाथों पकड़ा था। उस समय वह एक अन्य केस में घूस मांग रही थीं। घटना के बाद उन्हें सस्पेंड कर दिया गया था।

अब सामने आया यह मारपीट का मामला उनकी निलंबन से तीन महीने पहले का है, जिससे यह सवाल उठ रहा है कि महिला थाना में पीड़ितों को इंसाफ देने की बजाय उन पर अत्याचार क्यों किए जा रहे थे।