अगहन का तीसरे गुरुवार को की गई मां लक्ष्मी की पूजा अर्चना
November 20, 2025बिर्रा -अगहन महिने का शुभारंभ 6 नवंबर गुरूवार से हुआ है और प्रथम गुरूवार से ही विधिवत पूजा अर्चना कर अगहन गुरूवार की शुरुआत हुई है इस दिन विधि-विधान से मां लक्ष्मी की पूजा-अर्चना की गई और घर के द्वार पर दीपों से रोशनी की गई। कहा जाता है कि अगहन महीने के गुरुवार को लक्ष्मी की पूजा काफी फलदायी होती है। इस दिन महिलाएं व्रत रख सुबह ही पूजा कर लेती हैं तथा दोपहर में अगहन बृहस्पतिवार की कहानी सुनी जाती है।इस दिन महिलाएं हर घर के मुख्य द्वार से लेकर आंगन और पूजा स्थल तक चावल आटे के घोल से आकर्षक अल्पनाएं बनाती है। इन अल्पनाओं में मां लक्ष्मी के पांव विशेष रूप से बनाएं जाते हैं। गुरुवार सुबह ब्रह्म मुहूर्त से ही मां लक्ष्मी की भक्तिभाव के साथ पूजा-अर्चना की जाएगी। इसके बाद उन्हें विशेष प्रकार के पकवानों का भोग लगाया जाएगा। ऐसी मान्यता है कि अगहन महीने के गुरूवार को मां लक्ष्मी की पूजा अर्चना कर विभिन्न प्रकार के व्यंजनों का भोग लगाया जाता है। तो मातारानी की विशेष कृपा प्राप्त होती है।तीसरे गुरुवार को भी माताओं बहनों ने व्रत पूरा किया।इस बार अगहन गुरूवार 6 नवंबर से शुरु होकर 4 दिसंबर गुरूवार को समाप्त होगी।इस तरह पांच गुरूवार तक अगहन गुरूवार मनाया जा रहा है।



